दोस्त तेरी दोस्ती! Hindi Poetry

Hello Friends!

I am here again with a Hindi poetry on Friends & Friendships.

Title of the poem is “Dost Teri Dosti”

Here it is,

कुछ दोस्त ऐसे होते है जो हौंसला टूटने नहीं देते।

बदली हुई फिज़ाओं में भी हाथ छूटने नहीं देते।

नीयत है बिल्कुल साफ़ उनकी, गिरने नहीं देंगे ऐ दोस्त तुझे।

कितनी भी मुश्किलें आये राह में लेकिन फिर भी कदम मिला कर चलेगे।

इतना ही हौंसला गिर के उठने के लिए काफ़ी है ऐ दोस्त!

शायद जो अपने भी न कर पाए वो तू कर रहा है मेरे दोस्त!

तुझे पता भी नहीं है, तेरी उम्मीदों की रोशनी तले एक और दिया जल रहा है।

तू खुद भी आगे बढ़ रहा है और तेरे पीछे पीछे तेरे रहनुमाओं का कारवां चल रहा है।

Thanks for reading!

Regards & Gratitude

Deepika

Advertisements

47 thoughts on “दोस्त तेरी दोस्ती! Hindi Poetry

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s